July 9, 2024

Visitor Place of India

Tourist Places Of India, Religious Places, Astrology, Historical Places, Indian Festivals And Culture News In Hindi

Yoga For Water Weight: करें ये 8 आसान योगासन; घटेगा वॉटर वेट, रहेंगे हेल्दी और फिट !

Yoga For Water Weight: आज के समय मे अगर आप नियमित नहीं रहेते हैं तो कम उम्र मे ही तरह तरह की बीमारियों का सामना करना पड़ता है इसीलिए हमे नियमित रहेना चाहिए और सुबह जल्दी उठकर योगाशन अवश्य करना चाहिए| अक्सर देखा जाता है शरीर को हाइड्रेट रखने के लिए पानी पीने की सलाह दी जाती है, लेकिन कई बार यह भी देखा जाता है की अतिरिक्त पानी शरीर का वजन बढ़ाता है. जब आपका शरीर अतिरिक्त पानी को अंदर रखता है तो आपके शरीर में जो वेट बढ़ता है उसे ही वाटर वेट कहते हैं. बॉडी में पानी जमा यानी अधिक पानी होने से पेट, बाहों और पैरों में सूजन और पफीनेस हो जाती है. वाटर वेट को कम करने के लिए हम कुछ आसान योगासन बता रहे हैं जो आपकी समस्या का ईजी उपाय हो सकता है.

यह भी पढ़े: योगा से पा सकते है आप हेल्दी एंड ग्लोइंग स्किन, ब्यूटी प्रोडक्ट्स जरुरी नहीं !

वाटर वेट को कम करने में मदद करते हैं ये योगासन- Yoga Poses To Reduce Water Weight:

1. पादहस्तासन या हैंड अंडर फुट पोज

पादहस्तासन या हैंड अंडर फुट पोज

ये पोज बॉडी मेटाबॉलिज्म में सुधार लाता है. इससे अपच की समस्या और ब्लोटिंग में सुधार होता है. रीढ़ की नसें उत्तेजित होती हैं.

2. ताड़ासन या माउंटेन पोज

ताड़ासन या माउंटेन पोज

ताड़ासन को करने से पैरों के मसल्स में बल्ड सर्कुलेशन बेहतर होता है, जिससे बॉडी की वॉटर रिटेंशन कम होती है और सूजन में कमी आ सकती है.

यह भी पढ़ें: इस आयुर्वेदिक तेल से आप बिभिन्न प्रकार के रोगों से पा सकते हैं मुक्ति, जानिए इसे बनाने का तरीका !

3. वीरभद्रासन या वैरियर पोज

वीरभद्रासन या वैरियर पोज

वैरियर पोज पूरे शरीर को स्ट्रेच करता है और इससे पूरे शरीर में रक्त संचार बेहतर होता है. इस तरह ब्लोटिंग की समस्या काफी हद तक हल हो सकती है.

4. सूर्य नमस्कार

सूर्य नमस्कार

इस आसन को आप ब्लोटिंग और वॉटर रिटेंशन को कम करने के लिए कर सकते हैं. इससे पूरी बॉडी स्ट्रेच होती है और मसल्स में लचीलापन बढ़ सकता है.

यह भी पढ़ें: Juice Benefits: रोज चुकंदर-अनार का मिक्स जूस पीने से मिलते हैं ये जबरदस्त फायदे !

5. सर्वांगासन या शोल्डर पोज

सर्वांगासन या शोल्डर पोज

रीढ़ की हड्डी को मजबूत बनाने के साथ ही ये पोज पाचन में सुधार कर सकता है.

6. पार्श्वकोणासन या साइड एंगल पोज

पार्श्वकोणासन या साइड एंगल पोज

इस आसन को करने से पैरों, कंधों और फेफड़ों में ब्लड फ्लो बढ़ सकता है.

यह भी पढ़ें: आलू आइस क्यूब बढ़ाएगा आपकी खूबसूरती , नियमित उपयोग से आएगा त्वचा में निखार !

7. हलासन का प्लो पोज

हलासन का प्लो पोज

पेट के आस-पास की ब्लोटिंग कम करने में मददगार है. पैरों और कंधों को स्ट्रेच करने का काम कर सकता है.

8. त्रिकोणासन या ट्रायंगल पोज

त्रिकोणासन या ट्रायंगल पोज

ये पोज आपके कंधे और हिप्स को खोलता है और स्ट्रेच करता है, इससे वाटर वेट कम करने में मदद मिल सकती है.